सच्ची सफलता क्या है? वर्तमान में जीने की शक्ति और कृतज्ञता का महत्व
सफलता के आपने हज़ारों बातें सुनी होगी | सफल कैसे होते है सही रस्ता कौनसा होगा | और भी बहुत कुछ | और हम भी इसी पर चर्चा करेंगे |
हम अक्सर उस चीज़ के पीछे भागते हैं जो हमारे पास नहीं होती। और सोचते हैं कि वह अगर मिल जाए तो हम खुश रहेंगे, पर ऐसा नहीं होता। वह अगर मिल भी जाए तो कुछ दिन बाद हमारे लिए उसकी कोई वैल्यू नहीं रहती, और हम दूसरी चीज़ के पीछे भागना शुरू कर देते हैं। हम उस चीज़ में इतना खो जाते हैं कि वर्तमान में जीना भूल जाते हैं। उसका कभी शुक्रिया नहीं करते, बस आगे जाने की सोचते रहते हैं।
जो चीज़ आज आपके पास है, उसके लिए आपने प्रभु को कितनी बार धन्यवाद कहा है? जहाँ तक मुझे लगता है, जितनी बार आपने उसे पाने के बारे में सोचा होगा, उससे कम बार ही धन्यवाद कहा होगा। क्योंकि अब वह हमें मिल चुकी है।
असली खुशी चीज़ों को पाने में नहीं, बल्कि वर्तमान समय में जीने में है। हम भूल जाते हैं कि हमारे पास मात्र 100 साल हैं, या उससे भी कम। इसलिए दिन के हर क्षण को वर्तमान में जिएं। इससे हम संतुष्ट भी रहेंगे और खुश भी। हम अक्सर उन विचारों में खोए रहते हैं जो हमारे पास नहीं हैं, और फिर उनके पीछे भागना शुरू कर देते हैं। और यह सफलता का सही रास्ता नहीं है। हमें उन चीज़ों या ऊँचाइयों के पीछे भागना नहीं है, बल्कि उन्हें अपने जीवन में आकर्षित करना है। आज हमारे पास जो भी है, जैसा भी है, उसके लिए हर दिन प्रभु या यूनिवर्स को धन्यवाद कहना होगा। आज जो आपके पास है, उस पर ध्यान केंद्रित करें और धीरे-धीरे, स्थिरता के साथ अपने लक्ष्य पर काम करें।
आज हर किसी के लिए सफलता का मतलब है अच्छा जीवन जीना, पैसे कमाना, घर खरीदना। सबको लगता है कि यह कर लिया तो सब ठीक हो जाएगा, पर ऐसा होता नहीं। हर किसी के जीवन में कुछ न कुछ कमी ज़रूर होती है। किसी के पास पैसा है तो अच्छा परिवार नहीं, और जिसके पास अच्छा परिवार है उसके पास पैसा नहीं। जिस इंसान ने पैसे कमा लिए, वह अब अच्छी सेहत के पीछे भाग रहा है। अमीर, गरीब, सुंदर, अभिनेता, नेता — इनमें से कोई भी पूरी तरह खुश नहीं है। वे अभी भी किसी न किसी चीज़ के पीछे भाग रहे हैं। मेरा आपसे सिर्फ एक ही सवाल है — जिस चीज़ के पीछे तुम भाग रहे हो, अगर वह मिल गई तो तुम क्या करोगे?